काशीपुर 4 जून 2026 प्रकृति केवल अब जीवन के आधार नहीं बल्कि परमात द्वार प्रदत्त वह अनुपम धरोहर है जिसका शीतल शव में समस्त सृष्टि अस्तित्व सुरक्षित है जब अब ब्रह्म ज्ञान से जुड़कर यह अनुभव करता है की यही प्रकृति परम पिता परमात के सुंदर अभी व्यक्ति है तब उसका प्रत्येक कर्म संरक्षण संवर्धन और कृत्य स्वरूप धारण कर लेता है किंतु आधुनिकता की अंधी दौर में प्राकृतिक संसाधनों के असीमित दोहन ने पर्यावरण संतुलन को गंभीर चुनौती दी है जिसका परिणाम स्वरूप प्रदूषण प्लास्टिक संकट और जल वायु परिवर्तन जय वैश्विक संकट मानता के समक्ष उपस्थित हैं ऐसे समय में विश्व पर्यावरण दिवस केवल एक दिवस नहीं बल्कि चेतना दायित्व और सामूहिक संकल्प का दिव्य संदेश बनाकर उभरता है
निरंकारी सद्गुरु माता सुदीक्षा जी महाराज की पावन प्रेरणा एवं दिव्या इर्द से संत निरंक मिशन की सामाजिक सखा संत कड़ी चैरिटेबल फाउंडर संयुक्त राष्ट्र संघ की इस वर्ष की पोल के अनुरूप पाँच जून को सम्पूर्ण भारत वर्ष के 18 पर्वतीय एवं पर्यटन स्थलों पर विशाल वृक्षारोपण एवं स्वच्छता अभिजन के आयोजन करने जा रहा है यह अभिजन केवल पर्यावरण संरक्षण प्रयास नहीं बल्कि सेवा सिमरन और सत्संग के मध्यम से प्रकृति संरक्षण एक आध्यात्मिक उपक्रम है!
आज जब सम्पूर्ण विश्व पर्यावरण संरक्षक हेतु सजग होकर सकारात्मक कदम बढ़ रहा है ऐसे समय में संत जानकारी मिशन अपनी सेवा मूल्य द्वार समाज विशेषकर युवा पेड़ में यह संदेश सशक्त कर रहा है की स्वच्छता केवल बाहरी वातावरण की नहीं बल्कि विचारों संस्कारों और जीवनशैली की भी होनी चाहिए इस महा अभिजन में संत कड़ी चैरिटेबल फाउंडर के स्वयं सेवक दल सदस्य श्रद्धालु एवं स्थानीय निवासी एक जुट होकर हर कान में प्रभु के दर्शन की भावना के साथ प्रकृति संरक्षण के इस पुनीत यज्ञ में बाई बनेगा संत निरंक चैरिटेबल फाउंडर के सचिव आदरणीय श्री जोगेंद्र सूखीजा ने जानकारी देते हुए बताया कि मिशन वर्ष 2014 से संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम की थीम के अनुसार निरंतर विश्व पर्यावरण दिवस की सेवा जागकर और जान कल्याण के रूप में मानता आ रहा है इसी शृंखला में इस वर्ष उत्तराखंड के मंज़ूरी रिकेश लेंस नैनीताल एवं तेरी झील हिमाचल प्रदेश के शिमला मनाली एवं धर्मशाला गुजरात के सारा राजस्थान के उदयपुर महाराष्ट्र के महाबलेश्वर पंचगनी खंडेला लोनावाला एवं सोमेश्वर सिक्किम के गंगटोक तथा कर्नाटक के नंदी हिल्स समेत आहार प्रमुख स्थलों पर यह अभिजन आयोजित किया जाएगा ये सभी स्थल हरित चेतना स्वच्छता साधना और प्लास्टिक मुक्त भारत के प्रेरणा स्रोत बनेगा कार्यक्रम प्रातः 8 से दोपहर दो बजे तक आयोजित होगा जिसका शुभारंभ निरंतर प्रभु की सामूहिक प्रार्थना से किया जाएगा सभी स्वयं सेवक अनुशासन समर्पण और एकता दिव्या संदेश देते हुए वृक्षारोपण स्वच्छता अभिजन करना एवं जान रुक तब गतिविधियों के मध्यम से समाज को पर्यावरण संरक्षण हेतु प्रेरित करेंगे यह संदेश जान जान तक पहुंचाया जाएगा की प्रकृति की सेवा ही प्रभु की सेवा है संत जानकारी मिशन सदैव इस सत्य को जीवंत करता आया है की आध्यात्मिक केवल विचार नहीं बल्कि व्यवहार में उत्तर करता के कल्याण मध्यम बन्नी चाहिए अमृत प्रोजेक्ट वृक्षारोपण स्वच्छता अभिजन एवं रक्तदान जय अनेक को कड़ी प्रयास मिशन की इसी व्यापक सोच के सशक्त उदाहरण है इस संदेश संत कड़ी मिशन यह प्रेरणा दाई अभिजन केवल पर्यटन संरक्षण तक सीमित नहीं बल्कि प्रेम सेवा विनम्रता और जा रुकता से युक्त एक ऐसे उज्जवल भविष्य की आधार है जहाँ आने वाली पीढ़ियाँ स्वच्छ सुरक्षित संतुलित और हरित धरा
का आशीर्वाद प्राप्त कर सके! यह समस्त जानकारी स्थानीय मीडिया प्रभारी प्रकाश खेल द्वार दी गई की काशी पुर से भी अनेक महात्मा
6 बजे नैनीताल में सेवा के लिए प्रस्थान करेंगे!
शमीम बानो
संपादक – सच्चाई की किरण (पाक्षिक समाचार पत्र)
पता – काशीपुर
