मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को मजबूत करना सरकार की प्राथमिकता: रामपाल सिंह


आंगनबाड़ी केंद्र संख्या-9 में 17 धात्री महिलाओं को वितरित की गई महालक्ष्मी किट रुद्रपुर। 9वें राष्ट्रीय पोषण पखवाड़े के तहत विवेकनगर ट्रांजिट कैंप क्षेत्र के वार्ड-2 स्थित आंगनबाड़ी केंद्र संख्या-9 में पोषण जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 20 सूत्रीय कार्यक्रम क्रियान्वयन समिति के राज्यमंत्री एवं पूर्व मेयर रामपाल सिंह ने 17 धात्री महिलाओं को महालक्ष्मी किट वितरित की। इस दौरान उन्होंने महिलाओं को मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य तथा सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए रामपाल सिंह ने कहा कि स्वस्थ मां और स्वस्थ शिशु ही स्वस्थ समाज की मजबूत नींव हैं। गर्भवती एवं धात्री महिलाओं के पोषण, स्वास्थ्य और देखभाल को लेकर सरकार द्वारा लगातार विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं। महालक्ष्मी किट योजना भी इसी दिशा में महत्वपूर्ण पहल है, जिसका उद्देश्य प्रसव के बाद माताओं और नवजात शिशुओं को आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने के साथ उनके स्वास्थ्य एवं पोषण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।
उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र सरकार की योजनाओं को जरूरतमंद महिलाओं और बच्चों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां घर-घर संपर्क कर गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं और छोटे बच्चों को उचित पोषण, नियमित टीकाकरण, स्वास्थ्य परीक्षण एवं स्वच्छता के प्रति जागरूक कर रही हैं। रामपाल सिंह ने लाभार्थी महिलाओं से अपील की कि वे अपने स्वास्थ्य के साथ-साथ नवजात शिशुओं के पोषण पर विशेष ध्यान दें तथा समय-समय पर आंगनबाड़ी केंद्र और स्वास्थ्य विभाग की सेवाओं का लाभ उठाएं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय पोषण पखवाड़े का उद्देश्य केवल कार्यक्रम आयोजित करना नहीं, बल्कि समाज में पोषण को लेकर व्यापक जनजागरूकता पैदा करना है। कुपोषण को समाप्त करने के लिए सरकारी प्रयासों के साथ परिवार और समाज की सहभागिता भी जरूरी है।
उन्होंने महिलाओं से संतुलित आहार के साथ आयरन, कैल्शियम एवं अन्य आवश्यक पोषक तत्वों के सेवन के प्रति सजग रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि मां का बेहतर स्वास्थ्य सीधे तौर पर बच्चे के शारीरिक एवं मानसिक विकास से जुड़ा होता है।
आंगनबाड़ी कार्यकत्री प्रोनोति विश्वास ने बताया कि पोषण पखवाड़े के अंतर्गत महिलाओं एवं बच्चों को पोषण, स्वच्छता, स्तनपान, टीकाकरण और नियमित स्वास्थ्य जांच के महत्व के बारे में जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रसव के बाद धात्री महिलाओं को अपने खानपान पर विशेष ध्यान देना चाहिए। नवजात शिशु के लिए मां का दूध संपूर्ण आहार है और शुरुआती महीनों में स्तनपान बच्चे की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत करने में अहम भूमिका निभाता है। उन्होंने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्र के माध्यम से महिलाओं एवं बच्चों के वजन और स्वास्थ्य की नियमित निगरानी के साथ पात्र लाभार्थियों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया जाता है। उन्होंने महिलाओं से बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच एवं टीकाकरण सुनिश्चित कराने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान महालक्ष्मी किट प्राप्त करने वाली महिलाओं ने प्रसन्नता व्यक्त की। इस अवसर पर पार्षद राजेंद्र राठौर, भुवन गुप्ता, सहायिका चम्पा सरकार सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
महालक्ष्मी किट प्राप्त करने वाली महिलाओं में रोशनी, लाली, सुनीता, सरला, दिव्यांशी, राजकुमारी, दीप्ति, सुमन, कुसुम, प्रिया पाल, आरती, रोशनी देवी, शिवानी, पूजा, अमन, विमलेश, राजकुमारी, रेखा, दिव्यांशी और मंजू आदि शामिल रहीं।